Breaking News Headlines US China Pakistan Russia Indonesia bus accident | वर्ल्ड अपडेट्स: रूसी सेना में अब भी 50 भारतीय फंसे, यूक्रेन जंग में 26 की मौत
2 दिन पहले
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यूक्रेन-रूस युद्ध के दौरान रूसी सेना में भर्ती हुए 50 भारतीय अब भी वहां फंसे हुए हैं। केंद्र सरकार ने संसद में बताया कि इस युद्ध में अब तक 26 भारतीयों की मौत हो चुकी है, जबकि 7 भारतीय लापता हैं।
सरकार के मुताबिक, कुल 202 भारतीय रूसी सेना में भर्ती हुए थे। इनमें से 119 भारतीयों को छुड़ाकर भारत वापस लाया जा चुका है। बचे हुए लोगों की सुरक्षित वापसी के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है।
विदेश मंत्रालय ने कहा है कि मारे गए भारतीयों के शव भारत लाने और पहचान की प्रक्रिया में भी मदद की जा रही है। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि फंसे भारतीयों को जल्द वापस लाने के लिए रूस से बातचीत जारी है।
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दुनिया के सबसे बड़े न्यूक्लियर पावर प्लांट को चालू करेगा जापान; फुकुशिमा हादसे के 15 साल बाद फैसला

जापान ने दुनिया के सबसे बड़े न्यूक्लियर पावर प्लांट काशिवाजाकी-कारीवा को फिर से शुरू करने की मंजूरी दे दी है। मार्च 2011 में हुए फुकुशिमा परमाणु हादसे के बाद से प्लांट बंद था, जिसके चलते जापान ने अपने सभी 54 न्यूक्लियर पावर स्टेशन बंद कर दिए थे।
जापान की राजधानी टोक्यो से लगभग 220 किलोमीटर दूर नीगाटा में काशिवाजाकी-कारीवा प्लांट को फिर से शुरू करने की मंजूरी कई बार की जांच और विधानसभा में वोटिंग के बाद मिली है।
2011 में आए भूकंप और सुनामी ने फुकुशिमा न्यूक्लियर पावर प्लांट को तबाह कर दिया था। प्लांट से निकले रेडिएशन से कई लोग बीमार हुए थे। ये यूक्रेन के चेरनोबिल के बाद दुनिया की सबसे बड़ी परमाणु दुर्घटना थी। इसलिए जापान आज भी न्यूक्लियर एनर्जी को लेकर सावधान है।
फुकुशिमा हादसे से पहले न्यूक्लियर प्लांट्स जापान की 30% बिजली पैदा करते थे। हादसे के बाद जापान को महंगे इंपोर्टेंट फॉसिल फ्यूल पर निर्भर होना पड़ा। वर्तमान में इंपोर्टेड फ्यूल से लगभग 60-70% बिजली बनती है। पिछले साल फ्यूल इंपोर्ट्स पर जापान के 68 अरब डॉलर खर्च हुए थे।
मॉस्को में कार बम धमाके में रूसी जनरल की मौत, पार्किंग में हादसा

रूस में एक जनरल की कार बम धमाके में मौत हो गई है। रूसी जांच एजेंसी ने सोमवार को बयान जारी कर यह जानकारी दी। लेफ्टिनेंट जनरल फैनिल सरवारोव, जो रूसी सेना के ऑपरेशनल ट्रेनिंग विभाग के चीफ थे। वह कार से कहीं जाने की तैयारी में थे, तभी उनकी कार के नीचे लगाया गया विस्फोटक फट गया।
रूसी एजेंसी की ओर से जारी वीडियो में एक पार्किंग एरिया में खड़ी कार दिखाई गई, जिसका अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त है। इस मामले में एक सैन्य अधिकारी की हत्या का आपराधिक केस दर्ज किया गया है।
रूसी एजेंसी इस घटना की जांच कर रही है। इसमें यह एंगल भी देखा जा रहा है कि कहीं इसमें यूक्रेन तो शामिल नहीं है।
ऑस्ट्रेलिया के बीच पर हमला करने वाले बाप-बेटे ने सीक्रेट जगह ट्रेनिंग ली थी, गोलीबारी से पहले 4 देसी बम फेंके थे

ऑस्ट्रेलिया के बॉन्डी बीच पर 14 दिसंबर को हुए आतंकी हमले के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। कोर्ट में पेश किए गए दस्तावेजों के मुताबिक, इस हमले के आरोपी बाप-बेटे ने एक गांव के सीक्रेट इलाके में बंदूक चलाने की ट्रेनिंग ली थी।
दस्तावेज में बताया गया है कि 50 साल के साजिद अकरम और उनके 24 साल के बेटे नवीद अकरम का एक वीडियो मिला है। इस वीडियो में दोनों राइफल और शॉटगन पकड़े हुए नजर आते हैं और ऐसे तरीके से चलते दिखते हैं जैसे किसी खास तरह की ट्रेनिंग ले रहे हों। कोर्ट के मुताबिक, दोनों वीडियो में गोली चलाते और रणनीति के साथ आगे बढ़ते दिखते हैं।
बॉन्डी बीच पर उस समय हमला हुआ था जब वहां यहूदी परिवार हनुक्का का त्योहार मना रहे थे। तभी अचानक गोलीबारी शुरू हो गई, जिसमें 15 लोगों की जान चली गई। पुलिस ने मौके पर ही साजिद अकरम को मार गिराया था। उनके बेटे नवीद को गिरफ्तार कर लिया गया और अब उस पर आतंकवाद का मामला, 15 लोगों की हत्या और 40 लोगों की हत्या की कोशिश के आरोप लगे हैं।
कोर्ट के कागजों में यह भी कहा गया है कि गोली चलाने से ठीक पहले पिता और बेटे ने भीड़ की ओर चार देसी बम फेंके थे, लेकिन किस्मत से वे फटे नहीं। इनमें तीन पाइप बम और एक टेनिस बॉल में रखा बम बताया गया है। जांच में सामने आया है कि ये सभी बम फट सकते थे। इसके अलावा, जिस गाड़ी से वे हमले के लिए आए थे उसकी डिक्की में एक और संदिग्ध बम रखा हुआ था।
जांच एजेंसियों को कुछ वीडियो भी मिले हैं, जिन्हें दोनों ने खुद रिकॉर्ड किया था। इन वीडियो में वे धार्मिक कट्टर सोच से जुड़ी बातें करते दिखते हैं। एक वीडियो में वे इस्लामिक स्टेट के झंडे की तस्वीर के सामने खड़े होकर बयान देते हैं और अपने हमले को सही ठहराने की कोशिश करते नजर आते हैं।
कोर्ट का कहना है कि इस बात के पुख्ता सबूत हैं कि पिता और बेटे ने इस आतंकी हमले की कई महीनों तक बहुत सोच-समझकर योजना बनाई थी। उन्होंने पहले ट्रेनिंग ली, हथियार और बम जुटाए और फिर मौका देखकर इस हमले को अंजाम दिया।
इंडोनेशिया में बस एक्सीडेंट में 15 लोगों की मौत, 34 लोग सवार थे

AI जनरेटेड तस्वीर।
इंडोनेशिया के जावा आइलैंड पर आधी रात के बाद एक पैसेंजर बस हादसे का शिकार हो गई, जिसमें 15 लोगों की मौत हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
बस में कुल 34 लोग सवार थे। ड्राइवर टोल रोड पर बस से कंट्रोल खो बैठा, जिसके बाद बस एक कंक्रीट की दीवार से टकराई, फिर पलटकर सड़क किनारे गिर गई।
रेस्क्यू एजेंसी के प्रमुख बुडियोनों ने बताया कि यह इंटर स्टेट बस राजधानी जकार्ता से देश के ऐतिहासिक शहर योग्या जा रही थी। हादसा होते ही बचाव कार्य शुरू कर दिया गया।
मुनीर बोले- भारत से जंग में अल्लाह की मदद मिली:नहीं तो हालात बिगड़ जाते; मई में भारत ने 11 पाकिस्तानी एयरबेस तबाह किए थे

पाकिस्तानी सेना प्रमुख आसिम मुनीर ने भारत के साथ मई में हुए सैन्य संघर्ष में अल्लाह की मदद मिलने का दावा किया। उन्होंने कहा कि हमने इसे महसूस किया, जिसकी वजह से हालात पूरी तरह बिगड़ने से बच गए।
मुनीर ने यह बयान 10 दिसंबर को इस्लामाबाद में हुई नेशनल उलेमा कॉन्फ्रेंस में दिया। उनके भाषण के वीडियो क्लिप रविवार को लोकल टीवी चैनलों पर दिखाए गए।
भारत ने 7 मई को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में आतंकी ठिकानों पर हमले किए थे। यह कार्रवाई 22 अप्रैल को कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई थी, जिसमें 26 नागरिक मारे गए थे। पढ़ें पूरी खबर…
एपस्टीन सेक्स स्कैंडल फाइल्स में ट्रम्प की फोटो फिर अपलोड:इसमें मेलानिया ट्रम्प की भी तस्वीर; सरकार ने कल 16 फाइलें वेबसाइट से हटाईं थीं

अमेरिका के जस्टिस डिपार्टमेंट (DOJ) ने यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े दस्तावेजों में शामिल राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की फोटो को फिर से जारी कर दिया है। इसमें मेलानिया ट्रम्प की भी तस्वीर है। डिपार्टमेंट ने कहा है कि इस फोटो में एपस्टीन मामले के किसी भी पीड़ित को नहीं दिखाया गया है।
न्यूयॉर्क के सरकारी वकीलों ने पहले इस तस्वीर पर आपत्ति जताई थी, क्योंकि इससे पीड़ितों की पहचान उजागर होने का खतरा हो सकता था। इसलिए एहतियात के तौर पर इस तस्वीर समेत कुल 16 फाइलों को कल वेबसाइट से हटा दिया गया था। जांच के बाद ऐसा कोई खतरा नहीं मिला, इसलिए फोटो को बिना किसी बदलाव के दोबारा जारी कर दिया गया।
इससे पहले CNN ने बताया था कि एपस्टीन से जुड़े दस्तावेजों में से कई फाइलें वेबसाइट से हटा दी गई थीं। इनमें ट्रम्प की यह फोटो भी शामिल थी। कुछ अन्य फाइलों में आपत्तिजनक तस्वीरें और नोट्स थे। पढ़ें पूरी खबर…
भारत में बांग्लादेश हाईकमीशन के बाहर प्रदर्शन:हिंदू युवक की हत्या का विरोध, विदेश मंत्रालय बोला- प्रदर्शन शांतिपूर्ण; ढाका ने कहा- हकीकत कुछ और

भारत की राजधानी नई दिल्ली में बांग्लादेश हाई-कमीशन के बाहर हुए प्रदर्शन को लेकर भारत और बांग्लादेश के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। यह प्रदर्शन बांग्लादेश में हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की हत्या के विरोध में किया गया था।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने साफ किया कि यह प्रदर्शन बेहद छोटा और शांतिपूर्ण था। इससे बांग्लादेश उच्चायोग की सुरक्षा को कोई खतरा नहीं था।
उन्होंने कहा कि इस घटना को लेकर बांग्लादेश के कुछ मीडिया संस्थानों में भ्रामक प्रचार किया जा रहा है। हकीकत यह है कि प्रदर्शन में सिर्फ 20 से 25 युवा शामिल थे।
बांग्लादेश ने भारत के इस बयान को खारिज करते हुए कहा है कि स्थिति इससे कहीं ज्यादा गंभीर थी। ढाका ने कहा कि इस घटना को भ्रामक प्रचार कहना ठीक नहीं है। पढ़ें पूरी खबर…