March 26, 2026

odisha cuttack scb medical college hospital fire 10 patients dead

0
emb9yc_1773752909.gif


कटक16 मिनट पहलेलेखक: लीजा दास

  • कॉपी लिंक

ओडिशा में कटक के श्रीराम चंद्र भांजा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में रविवार रात करीब 3 बजे आग लग गई। हादसे में 10 मरीजों की मौत हो गई है। इनमें से 7 ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, 3 की मौत इलाज के दौरान हुई। आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया गया है।

आग रात के करीब 2 बजे पहली मंजिल पर ट्रॉमा केयर के ICU में लगी थी। यहां करीब 23 मरीज भर्ती थे। उन्हें बचाने में अस्पताल के कम से कम 11 कर्मचारी झुलस गए। अनुमान है कि आग शॉर्ट सर्किट से लगी थी।

एक मरीज के रिलेटिव ने बताया- आग बहुत तेजी से फैल गई थी। उन्होंने और मरीजों को कुछ और रिश्तेदारों ने 8 से 10 मरीजों को बाहर निकालने में मदद की। उनका कहना था कि मरीजों की मदद के लिए स्टाफ में बहुत कम लोग थे। इसलिए समय रहते मरीजों को बाहर नहीं निकाला जा सका।

पहले देखें, हादसे की तीन तस्वीरें…

हादसे के बाद अस्पताल के बाहर मची अफरातफरी।

हादसे के बाद अस्पताल के बाहर मची अफरातफरी।

हादसे की खबर लगते ही मरीजों के परिजन हॉस्पिटल के बाहर जमा हो गए।

हादसे की खबर लगते ही मरीजों के परिजन हॉस्पिटल के बाहर जमा हो गए।

हादसे की खबर लगते ही मरीजों के परिजन हॉस्पिटल के बाहर जमा हो गए।

हादसे की खबर लगते ही मरीजों के परिजन हॉस्पिटल के बाहर जमा हो गए।

अस्पताल में फायर सेफ्टी के इंतजाम नहीं थे

घटना के बाद परिजनों में काफी गुस्सा देखने को मिला। लोग सवाल उठा रहे थे कि ICU में फायर सेफ्टी का सही इंतजाम नहीं था। एक मृतक के भाई का कहना था कि अगर समय पर सही व्यवस्था होती, तो शायद कुछ लोगों की जान बचाई जा सकती थी।

उन्होंने बताया कि आग पहली मंजिल पर ही लगी थी। लेकिन घना धुआं अन्य मंजिलों तक फैल गया था। इससे कर्मचारियों को विभिन्न वार्डों से मरीजों को बाहर निकालना पड़ा। कर्मचारियों ने बताया कि फायर टेंडर को घटनास्थल तक पहुंचने में लगभग 30 मिनट लगे, जबकि फायर स्टेशन एससीबी परिसर के अंदर ही मौजूद था।

अस्पताल के डॉक्टर और नर्सों ने तुरंत मरीजों को वहां से बाहर निकालने की कोशिश शुरू की। इसी बीच फायर ब्रिगेड को भी सूचना दी गई, जिसके बाद दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाया गया।

अलार्म या पब्लिक अनाउंसमेंट सुनाई नहीं दिया

एक मरीज के रिलेटिव ने बताया कि आईसीयू में कोई फायर प्रोटेक्शन नहीं था। आग लगने के वक्त उन्हें किसी तरह का अलार्म या पब्लिक अनाउंसमेंट भी सुनाई नहीं दिया। अगर समय रहते अलर्ट मिलता, तो शायद हालात इतने खराब नहीं होते।

कुछ लोगों का यह भी कहना है कि आग लगने के बाद शुरुआती कुछ मिनटों तक लोगों को यह समझ ही नहीं आया कि आखिर हुआ क्या है। धुआं बढ़ने के बाद ही लोगों में घबराहट फैली और तब जाकर मरीजों को बाहर निकालने की कोशिश शुरू हुई।

डॉक्टर ने मीडिया के सवालों का जवाब देने से इनकार किया

डॉक्टर और स्टाफ की भूमिका जानने के बाद हम पोस्टमॉर्टम काउंटर के सामने मौजूद एक डॉक्टर से भी बात करने की कोशिश की। हम उनसे पूछना चाहते थे कि आखिर कुल कितने लोगों की मौत हुई है। क्योंकि वहां मौजूद कुछ लोग कह रहे थे कि जितनी संख्या मीडिया में सामने आ रही है, संख्या कहीं उससे ज्यादा है।

लेकिन जब हमने डॉक्टर से सवाल पूछने की कोशिश की, तो उन्होंने मीडिया के सवालों का जवाब देने से इनकार कर दिया और कुछ ही देर बाद मोटरसाइकिल के पीछे बैठकर वहां से चले गए।(visual available)

चश्मदीदों ने बताया कि धुआं तेजी से फैलने के कारण ICU में भर्ती कई मरीजों की हालत बिगड़ने लगी थी। जो मरीज पहले से गंभीर थे और ऑक्सीजन या वेंटिलेटर पर थे, उन्हें सांस लेने में और ज्यादा परेशानी हो रही थी। शुरुआती जानकारी के अनुसार इस हादसे में करीब 10 मरीजों की मौत हो गई।

सुबह जब आग बुझी तब ICU के अंदर बेड और मशीनें जले हुए नजर आए।

सुबह जब आग बुझी तब ICU के अंदर बेड और मशीनें जले हुए नजर आए।

10 साल पहले भी हुआ 22 मौतें, दोबारा हुआ ऐसा हादसा 2016 में ओडिशा में भुवनेश्वर के एक निजी SUM हॉस्पिटल में आग लगी थी। इसमें 22 मरीजों की मौत हो गई थी। तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री अस्पताल के मालिक के करीबी थे। इसलिए उन्हें इस्तीफा देना पड़ा था। अस्पताल के मालिक को भी हत्या के केस में जेल जाना पड़ा था।

2016 में SUM Hospital की घटना के बाद उसके मालिक Manoj Nayak को गिरफ्तार किया गया था। आज SCB मेडिकल की इस घटना के बाद लोगों के मन में यही सवाल है — इस बार जिम्मेदार कौन होगा और सरकार किस पर कार्रवाई करेगी?

————————–

हादसे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें…

ओडिशा-कटक के सरकारी हॉस्पिटल में आग, 10 मरीजों की मौत:11 कर्मचारी भी झुलसे; मृतकों के परिजन को 25-25 लाख मुआवजा

ओडिशा में कटक के श्रीराम चंद्र भांजा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में रविवार रात करीब 3 बजे आग लग गई। हादसे में 10 मरीजों की मौत हो गई है। इनमें से 7 ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, 3 की मौत इलाज के दौरान हुई। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *